मुख्‍य समाचार

1 रायपुर। बच्चों के विकास मे प्रमुख भूमिका निभा रहा सजग कार्यक्रम : ऑडियो क्लिप के माध्यम से सुनाए जा रहे प्रेरक संदेश,रायपुर। मुख्यमंत्री की रेडियो वार्ता ’लोकवाणी’ की 12 वीं कड़ी का प्रसारण 8 नवम्बर को : लोकवाणी ’बालक-बालिकाओं की पढ़ाई, खेलकूद, भविष्य’ विषय पर केन्द्रित होगी,राजनांदगांव। नगरीय प्रशासन मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया 4 नवम्बर को राजनांदगांव जिले के दौरे पर रहेंगे मिशन अमृत योजना के तहत 8.5 करोड़ के विकास कार्यों का करेंगे लोकार्पण ,राजनांदगांव : उपायुक्त कृषि विभाग डॉ. सोनकर ने किया गोधन न्याय योजना के कार्यों का निरीक्षण : योजना की सफलता का मूल मंत्र गौठानों का सफल संचालन, राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित राज्योत्सव में मुख्यमंत्री ने राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत जिले के 1 लाख 65 हजार किसानों के खाते में 178 करोड़ रूपए की राशि अंतरित की

मंगलवार, 9 जून 2020

जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित राजनांदगांव द्वारा अनुसूचित जाति अंत्योदय स्वरोजगार एवं अनुसूचित जनजाति स्वरोजगार योजना के लिए दिया जा रहा लाभ एवं अनुदान

      राजनांदगांव जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित राजनांदगांव द्वारा वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति स्वरोजगार योजना के लिए भौतिक एवं वित्तीय लक्ष्य का निर्धारण किया गया है। इस योजना के अंतर्गत अनुसूचित जाति अंत्योदय स्वरोजगार योजना में 96 एवं अनुसूचित जनजाति स्वरोजगार योजना में 104 का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।        कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को पात्रता रखने वाले अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के आवेदकों के प्रकरण तैयार कर संबंधित बैंक शाखाओं को लक्ष्य के अनुसार स्वीकृति के लिए पात्र प्रकरणों को अनुशंसा सहित भेजने के निर्देश दिए हंै। इस योजना के अंतर्गत आवेदक को अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति वर्ग एवं जिले का मूल निवासी होना अनिवार्य है। आवेदक की वार्षिक आय शहरी क्षेत्रों में 51,500 रूपए एवं ग्रामीण क्षेत्रों में 40,500 रूपए से अधिक नहीं होना चाहिए। आवेदक की आयु 18 से 50 वर्ष की बीच होनी चाहिए। आवेदक को आवेदन पत्र के साथ आधार कार्ड, राशन कार्ड, मतदाता सूची, परिचय पत्र एवं शैक्षणिक योग्यता संबंधी प्रमाण पत्र संलग्र करना अनिवार्य है। आवेदक को पूर्व में शासन की किसी भी योजनांतर्गत ऋण एवं अनुदान का लाभ नहीं लेने संबंधी नोटरी द्वारा प्रमाणित शपथ पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य है। आवेदक को व्यवसाय संबंधी अनुभव हो एवं स्वयं का व्यावसायिक स्थल होने पर प्राथमिकता दी जाएगी। इस योजना के अंतर्गत 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 10 हजार रूपए का अनुदान देय होगा, परन्तु ऋण राशि की अधिकतम सीमा बंधनकारी नहीं है। इस संबंध में विस्तृत जानकारी कलेक्टोरेट स्थित कार्यालय जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित राजनांदगांव से प्राप्त की जा सकती है।

कोई टिप्पणी नहीं:

टिप्पणी पोस्ट करें