कवर्धा, छत्तीसगढ़ सरकार ने प्रदेश के कबीरधाम जिले में निवासरत बैगा समाज (अति पिछड़ी जनजाति) को एक बार फिर बड़ी सौगात देते हुए इस वर्ग के 50 शिक्षित युवक-युवतियों के लिए शाला संगवारी के रूप चयन कर रोजगार के द्वार खोल दी है। इन 50 बैगा युवक युवतियों को मिलाकर अब तक 107 शाला संगवारी हो गए है, जिन्हे स्थानीय स्तर पर निश्चित आय के साथ रोजगार मिल रहा हैं। छत्तीसगढ़ सरकार के वन,परिवहन, आवास एवं पर्यावरण मंत्री तथा कवर्धा विधायक श्री मोहम्मद अकबर ने आज उन सभी 50 शाला संगवारियों को चयन का प्रमाण पत्र प्रदान किया है। 
    छत्तीसगढ़ में नई सरकार बनने के बाद प्रदेश में कबीरधाम पहला जिला बन गया है, जहां छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा जिला खनिज संस्थान न्यास नियम 2015 में संशोधन करने के बाद नई नीति के तहत स्थानीय युवाओं को रोजगार मुहैया के साथ-साथ चार और बडे काम किए गए है, जिससे जनसमान्य को प्रत्यक्ष लाभ मिला रहा है। जिला खनिज संसाधन न्यास के तहत कबीरधाम जिले में प्रदेश में पहली बार ग्रामीण स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करते हुए 80 एएनएम की पदस्थापना की गई है। जिला अस्पताल में चार अलग-अलग विशेषज्ञ चिकित्सकों की भर्ती की गई है। जिले में आर्थिक रूप से कमजोर प्रतिभाशाली युवक-युवतियों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाले जेईई और नीट प्रतियोगिता की तैयारी के लिए आवासीय कोचिंग संचालित की जा रही है। इसके अलावा इस मद से जिले के सुदूर और पहुंच विहीन क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए बाईक एम्बूलेंस चलाई जा रही है। बाईक एम्बूलेंस से जिले से हजारों परिवारों को प्रत्यक्ष लाभ मिला है। 
    प्रदेश के वन परिवहन, आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री मोहम्मद अकबर ने कबीरधाम जिले के आज 50 और बैगा (अति पिछड़ी जनजाति) के युवक युवतियों को शाला संगवारी का प्रमाण पत्रं प्रदान करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की नई सरकार जो कहती है उन्हे पूरा भी करती है। उन्होने कहा कि प्रदेश में निवासरत अति पिछडी जनजाति वर्ग के शिक्षित युवक-युवतियों को शिक्षा और विकास के मुख्य धारा में लाने सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। छत्तीसगढ़ सरकार की इस वर्ग के युवक-युवतियां को रोजगार देकर उन्हे मुख्यधारा में लाने की शुरूआत कबीरधाम जिले से कर दी है। हमारी सरकार ने जिले के अब तक 107 बैगा युवक-युवतियों को स्थानीय स्तर पर रोजगार दे रही है। मंत्री श्री अकबर ने बताया कि छत्तीसगढ़ में नई सरकार बनने के बाद मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रीमंडल की बैठक में छत्तीसगढ़ खनिज संस्थान न्यास नियम 2015 में संशोधन की मंजूरी दी गई है। नए संशोधन के बाद अब डीएमएफ की राशि से शासकीय अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं के उन्नयन और उन्हें प्रभावी बनाने के लिए संसाधनों की उपलब्धता बनाने स्कूलों के शिक्षकों की कमी दूर करने तथा खनन और संबंध गतिविधियों में प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष प्रभावित इलाकों के परिवार के सदस्यों को नर्सिग, चिकित्सा शिक्षा, इंजीनियरिंग, निधि प्रबंधन, उच्च शिक्षा, व्यवसायिक, तकनीकी शिक्षा, शासकीय संस्थाओं, महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक शुल्क और छात्रावास शुल्क में भुगतान के साथ ही सभी प्रकार की प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग और आवासीय प्रशिक्षण की समूचित व्यवस्था करने का फैसला लिया गया है। जिले में राज्य सरकार की इस फैसले का सफल क्रियान्वयन किया जा रहा है। इस उल्लेखनीय कार्य के लिए कलेक्टर श्री शरण को बधाई भी दी है। पंडरिया विधायक श्रीमती ममता चन्द्रकार ने सभी शाला संगवारियांे का बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी है। उनहोेने कहा कि छत्तीसगढ़ में नई सरकार बनने के बाद प्रदेश के युवाओं,किसानों,व्यापरियों से लेकर सभी वर्गाें में उत्साह देखा रहा है। उनके बेहतरी के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ठोर योजनाएं बनाकर काम करे रहे। इस अवसर पर पंडरिया विधायक श्रीमती ममता चंन्द्राकर, कलेक्टर श्री अवनीश कुमार शरण,वन मंडलाधिकारी श्री दिलराज प्रभाकर,पुलिस अधीक्षक डॉ लाल उम्मेद सिंह, जिला पंचायत सीईओ श्री कुंदन कुमार श्री कन्हैया अग्रवाल, श्री ऋषि शर्मा, श्री प्रमोद लूनिया, श्री मुकंुद माधव कश्यप, श्री राजकुमार तिवारी सहित बैगा परिवारों के अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित थे।